मंगलवार, 5 अप्रैल 2011


दानव , देव , ऋषी -मुनि केलि


करे जिससे वह क्रीड़ा है हिन्दी ।


मानव मात्र में सिर्फ दिखे वह


छूई- मुई जस व्रीड़ा है हिन्दी ।


सृष्टि के साथ से है जिसकी


महिमा वह नारी है ईड़ा है हिन्दी॥


हाथ में लेके जिसे हरषाती


बजाती सरस्वती वीणा है हिन्दी ॥

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